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दिल से बात करो। मार्लिन लसचेट। TEDxTrondheim|TEDxट्रोंढेिम

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    लगभग ३६५ करोड़ लोगों
    की मातृभाषा अंग्रेजी है।
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    अन्य २ अरब अंग्रेजी को
    अपनी दूसरी या तीसरी भाषा
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    के रूप में सीखते और बोलते है।
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    यदि आप अंग्रेजी बोलते हैं,
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    आपको लगभग २.५ अरब लोग
    समझ सकते हैं।
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    आपको कोई अन्य विदेशी भाषा
    सीखने की क्या ज़रुरत है?
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    क्या यह हास्यास्पद समय की बर्बादी नहीं है?
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    अफ्रीकांस बोलने के लिए
    नेल्सन मंडेला की दक्षिण अफ्रीकियों
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    द्वारा जम कर आलोचना की गयी थी।
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    उन्होंने जवाब दिया,
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    "जब आप किसी व्यक्ति से उस भाषा
    में बात करते हैं जो वह समझता है,
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    वह बात उसके दिमाग में जाती है।
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    जब आप उसकी अपनी भाषा में बात करते हैं,
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    वह उसके दिल तक जाती है। "
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    तो बात यह है:
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    जब आप किसी का दिल जीतना चाहते हैं,
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    आपको उसके दिल को छूना होगा।
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    पोप को यह मालूम है।
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    जॉन पॉल द्वितीय करीब
    दस भाषाएँ अच्छे से बोल सकते थे
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    और एक दर्जन प्राथमिक स्तर पर।
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    जहां भी वह जाते,
    वह लोगों का अभिनन्दन
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    उनकी देशी भाषा के
    कुछ वाक्यों में अवशय करते;
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    और यह उनकी लोकप्रियता का
    एक मुख्य कारण था।
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    जिनकी विदेशी सासें होती हैं,
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    या होने वाली होती हैं,
    वे भी इस बात को जानते हैं।
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    वे अपनी प्रेमिका के साथ
    अंग्रेजी में भले ही बात करें,
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    किन्तु जब वह लड़की की माता
    को प्रसन्न करना चाहते हैं,
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    तो नवयुवक कोई भी सनकी भाषा
    सीखने को तैयार हो जाते हैं,
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    यहां तक कि डश भाषा भी।
  • 1:57 - 1:59
    (हंसी)
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    और वह सफल भी हो जाते हैं।
  • 2:02 - 2:04
    क्यों?
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    हमारी अपनी मूल भाषा हमारे व्यक्तितत्व,
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    हमारी पहचान के साथ
    घनिष्टता से जुडी होती है।
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    हमारा पूरा व्यक्तिगत इतिहास
    हमारी मातृभाषा पर आधारित है,
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    उसमें संलिप्त है।
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    शब्दों, अभिव्यक्तियों और जिस व्याकरण
    के साथ हम बड़े हुए,
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    से जुडी कितनी ही यादें और भावनाएं हैं।
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    तो यदि आप किसी व्यक्ति की भाषा सीखते हैं,
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    तो आप दर्शा रहे हैं कि आपको उसके
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    जीवन, उसके व्यक्तित्व
    में सचमुच में रुचि है।
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    कौन सी सासु माँ प्रफुल्लित नहीं हो उठेगी?
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    जब आप अपनी भाषा सुनते हैं
    तो आप जुड़ा हुआ महसूस करते हैं।
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    जब आप सफर कर रहे हों,
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    और कई दिनों या हफ़्तों से कोई विदेशी
    भाषा बोल रहे हों,
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    जिस लम्हे आप हवाई जहाज़ में चढ़े
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    और विमान परिचारिका ने आपकी
    भाषा में आपका स्वागत किया,
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    आपको लगता है कि आप घर जा रहे हैं।
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    मातृभाषा की कोई खुशबू होती,
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    मेरे ख्याल से उनमें बिस्कुटों
    जैसी महक होती,
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    या फिर तसलिबख्श मुर्गे के शोरबे जैसी,
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    और दादी माँ के इत्र जैसी ---
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    शायद कुछ कुछ कपडे के कीड़े की दवा जैसी भी।
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    शायद यही कारण है कि निर्मित भाषाएँ,
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    जैसे एस्पेरांतो, इतनी सफल नहीं हुई
    जितनी कि संभावना कियी गयी थी।
  • 3:41 - 3:44
    कितनी ही चुतराई से बनाई हो,
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    और साधारण, आसानी से सीखी जाने वाली हो,
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    फिर भी किसी भी देश ने कोई कृत्रिम भाषा
    अपनी भाषा के रूप में नहीं अपनाई है।
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    न ही एक विदेशी भाषा के रूप में
    जिसे व्यवस्थित ढंग से पढ़ाया जायेगा
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    बड़ी तादाद में
    लम्बे समय के लिए,
  • 4:03 - 4:06
    हालाँकि इसकी कोशिश की गयी है।
  • 4:06 - 4:12
    किन्तु , प्राकृतिक भाषाओँ के साथ
    इतनी मुश्किलें होने के बावजूद--
  • 4:12 - 4:15
    जैसे निराशायुक्त अनियमितताएं,
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    वर्तनी और उच्चारण में विभेद,
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    कभी कभी व्याकरण में निरर्थक जटिलता --
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    किन्तु इस सब के बावजूद,
  • 4:28 - 4:33
    हम उन भाषाओँ को सीखना पसंद करते हैं
  • 4:33 - 4:36
    जो जैविक रूप से लोगों
    के साथ विकसित हुई हैं।
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    निर्मित भाषाएँ केवल दिमाग से बात करती हैं।
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    प्राकृतिक भाषाएँ बिस्कुटों
    की महक देती हैं।
  • 4:46 - 4:52
    नेल्सन मंडेला के लिए, अफ्रीकांस सीखना
    केवल "अपने शत्रु को जानना था"।
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    उन्होंने कहा था,"यदि तुम उन्हें हराना
    चाहते हो, तो तुम्हे उनकी भाषा,
  • 4:57 - 5:01
    और उनकी भावनाएं, और उनकी आशाएं,
    और उनके डर, सब जानना होगा।"
  • 5:01 - 5:05
    उन्होंने जाना। और वह सफल हुए।
  • 5:05 - 5:09
    किन्तु हर समय तो शत्रु की बात
    नहीं होती, होती है क्या?
  • 5:09 - 5:13
    यह हर किस्म के मानवीय रिश्तों पर लागू है।
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    और मैं अंतिम व्यक्ति हूँ यह कहने वाली
    कि सासें दुश्मन होती हैं --
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    परिभाषा के अनुसार।
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    कुछ सात-आठ साल पहले,
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    मैं अपने परिवार के साथ पोलैंड
    से गुज़र रही थी।
  • 5:27 - 5:32
    और दुकाने बंद होने वाली थीं,
    और हमें कुछ भोजन खरीदना था।
  • 5:32 - 5:37
    अंत में, हमने सड़क के दूसरी ओर
    सुपरबाजार देखा।
  • 5:37 - 5:42
    उल्टा मोड़ काट कर ही वहां बाजार
    बंद होने से पहले पहुंचा जा सकता था।
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    तो मैंने वैसा ही किया।
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    शायद वह खतरनाक था।
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    अवश्य ही अवैध था।
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    पार्किंग में, मेरे इंजन बंद करने से पहले -
  • 5:58 - 6:01
    --मुझे टक-टक की आवाज़ सुनाई दी।
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    तो मैंने खिड़की नीचे की,
    और दो आँखों के जोड़े सामने आये।
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    प्रत्येक आँखों का जोड़ा
    एक पुलिस कर्मी का था।
  • 6:13 - 6:18
    अब मैं पोलिश भाषा बोलने
    में इतनी समर्थ नहीं थी,
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    अच्छे समय में
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    किन्तु मैं एक साधारण वार्तालाप
    करने में सक्षम थी।
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    किन्तु उस परिस्थिति में, जब मेरी
    अंतरात्मा मुझे दोषी करार दे रही थी
  • 6:29 - 6:33
    और मैं पुलिस की वर्दी पहने दो
    आदमियों की आँखों में आँखें डाले थी,
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    सभी पोलिश शब्द जैसे मेरी
    ज़बान से गायब हो गए।
  • 6:40 - 6:45
    फिर भी, मैंने एक पल के लिए,
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    यह नहीं सोचा कि अंग्रेजी
    में ही बात कर लूँ।
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    अंग्रेजी की वजह से शायद मुझे
    भाषा सम्बन्धी फायदा हो जाता,
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    वह शायद पुलिसकर्मियों के लिए
    असुविधाजनक हो जाता।
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    तो पोलिश बोलने का मेरा दृढ निश्चय था।
  • 7:02 - 7:05
    कैसे?
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    वह मेरे दिमाग का छोटा सा पोलिश कोना
    एक दम खाली हो गया था
  • 7:10 - 7:13
    केवल एक चीज़ बची थी।
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    एक चीज़ जो मैंने इतनी बार दोहराई थी
  • 7:18 - 7:23
    कि मैं वह नींद में भी सुना सकती थी।
  • 7:23 - 7:28
    वह एक बच्चों की कविता थी,
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    एक बीमार मेंढक के बारे में।
  • 7:30 - 7:33
    (हंसी)
  • 7:33 - 7:35
    मेरे पास वह ही थी।
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    मैं जानती हूँ कि वह एक विचित्र बात थी,
    किन्तु मैंने बिना सोचे समझे कह दिया:
  • 7:40 - 7:43
    (पोलिश में)" कोई एक मेंढकी
    कमज़ोर महसूस कर रही थी
  • 7:43 - 7:46
    इसलिए वह डॉक्टर के पास गयी
    और बोली कि वह बीमार है।
  • 7:46 - 7:52
    डॉक्टर ने अपना चश्मा लगाया
    क्यूंकि वह बूढा था।"
  • 7:52 - 7:54
    मैंने पुलिसकर्मियों की तरफ देखा।
  • 7:54 - 7:56
    और वह मुझे घूर रहे थे।
  • 7:56 - 7:59
    (हंसी)
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    मुझे याद आ रहा है कि
    उनमें से एक ने अपना सिर खुजलाया।
  • 8:03 - 8:06
    और फिर वह हंसे।
  • 8:06 - 8:07
    वह हंसे।
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    और ऐसा होने से मेरी घबराहट कम हुई,
  • 8:11 - 8:14
    इतनी कि कुछ उपयुक्त शब्द
  • 8:14 - 8:17
    मेरे दिमाग में वापिस आ गए,
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    मैं हकलाते हुए कुछ आधे वाक्य
    ही बोल पाई जैसे,
  • 8:20 - 8:25
    "मुझे माफ़ कीजिये, भोजन चाहिए था,
    आगे से ऐसा कभी नहीं करूंगी। "
  • 8:25 - 8:27
    उन्होंने मुझे जाने दिया।
  • 8:27 - 8:33
    जैसे मैं दूकान में भागी,
    वे पोलिश में कुछ बोले,
  • 8:33 - 8:35
    " आपकी यात्रा सुखद हो!"
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    मेरा यह इरादा नहीं है कि आपको
    भाषाएँ सीखने के लिए उत्तेजित करूं
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    ताकि आप संसार में सब जगह घूम सकें,
    कानून तोड़ें, और भाग जाएँ।
  • 8:45 - 8:50
    किन्तु यह छोटी सी घटना स्पष्ट करती है
    कि कैसे कुछ ही शब्द
  • 8:50 - 8:54
    कितने ही साधारण
    या मूर्खतापूर्ण क्यों न हों,
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    सीधे दिल को छू जाते हैं।
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    वैसे तो, बीमार मेंढक का एक
    विकल्प भी था।
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    एक बात थी जो मुझे
    अच्छे से पता थी:
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    एक पीनेवालों का गाना।
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    (हंसी)
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    शायद मुझे उससे कोई
    मुस्कराहट नहीं अर्जित होती
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    शायद पुलिस स्टेशन ही जाना पड़ता
  • 9:14 - 9:18
    रक्त जांच के लिए।
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    आपको बहुत सारी भाषाएँ
    सीखने की ज़रुरत नहीं है,
  • 9:21 - 9:24
    और न ही उन्हें बखूबी रूप
    से याद करने की ज़रुरत है।
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    एक छोटी सी सीख बहुत दूर तक जा सकती है।
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    दिल को छू जाने वाले दस शब्द
    दिमाग तक पहुँचने वाले हज़ार शब्दों
  • 9:30 - 9:35
    से अधिक प्रभावशाली होते हैं।
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    आप हमेशा अंग्रेजी का उपयोग कर सकते हैं
    और बीच में मिल सकते हैं।
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    किन्तु आप ऐसा व्यक्ति बनने का चुनाव भी कर
    सकते है जो बीच की रेखा को पार कर जाये
  • 9:45 - 9:49
    और अपने नए परिचित व्यक्ति
    या प्रतिद्वंद्वी, जो भी हो,
  • 9:49 - 9:52
    उसे उसके ही इलाके में मिले।
  • 9:52 - 9:55
    किसी और की भाषा बोलने
    से आप कमज़ोर नहीं हो जाते,
  • 9:55 - 9:58
    यह आपकी शक्ति को दर्शाता है।
  • 9:58 - 10:05
    वही व्यक्ति अंत में विजयी होता है,
    जिसके पास साहस हो
  • 10:05 - 10:08
    और वह रेखा पार करने की कोशिश करे।
  • 10:08 - 10:13
    गलती करने से डरना नहीं चाहिए।
    गलतियां ही तो हमें मनुष्य बनाती है।
  • 10:13 - 10:18
    और इस मामले में तो बोनस भी है:
  • 10:18 - 10:21
    यदि आप वहां गलती करते हैं,
  • 10:21 - 10:26
    आप अन्य लोगों को अवसर देते हैं ताकि वे
    आपकी मदद कर सकें, आगे आ कर आपको मिल सकें।
  • 10:26 - 10:33
    और इस तरह से शुरू किया हुआ रिश्ता
    अधिक मजबूत होगा।
  • 10:33 - 10:38
    तो आप क्या चाहते हैं,
    केवल आपको कोई समझ पाए?
  • 10:38 - 10:42
    या आप कोई रिश्ता बना पाएं?
  • 10:42 - 10:48
    आओ हम सब अंग्रेजी सीखते
    और प्रयोग करते रहें।
  • 10:48 - 10:51
    ताकि हम विभिन्न दर्शकों पर परस्पर प्रभाव
  • 10:51 - 10:54
    डाल सकें, जैसे हम यहाँ
    TEDx पर कर रहे हैं।
  • 10:54 - 10:58
    अंतरराष्ट्रीय सम्मेलनों और विश्वीय
    समस्याओं के लिए,
  • 10:58 - 11:05
    ज्ञान बांटने के लिए अंग्रेजी
    एक शक्तिशाली साधन है।
  • 11:05 - 11:11
    ख़ास कर के, अंग्रेजी ३६५ करोड़ दिलों
    का राजमार्ग है।
  • 11:11 - 11:19
    इन ३६५ करोड़ लोगों के लिए,
    अंग्रेजी भाषा बिस्कुटों की महक देती है।
  • 11:19 - 11:22
    किन्तु हम वहाँ क्यों रूक जाएँ ?
  • 11:22 - 11:25
    क्यों न वह थोड़ी सी कोशिश करके
  • 11:25 - 11:29
    कम से कम एक अन्य विदेशी भाषा सीखें?
  • 11:29 - 11:32
    वहाँ बिस्कुटों केबहुत से स्वाद हैं।
  • 11:32 - 11:35
    आओ एक नया स्वाद चखें।
  • 11:35 - 11:36
    धन्यवाद।
  • 11:36 - 11:38
    (तालियाँ)
Title:
दिल से बात करो। मार्लिन लसचेट। TEDxTrondheim|TEDxट्रोंढेिम
Description:

यह व्याख्यान एक स्थानीय TEDx कार्यक्रम मे पेश किया गया था, यह TED संमेलन से स्वतंत्र रूप से बनाया गया है।
अधिक जानकारी के लिए देखिए: http://ted.com/tedx

भाषाओँ की सुगंध और कैसे एक बीमार मेंढक आपके बुरे दिन अच्छे में बदल सकते हैं।
मार्लिन एक भाषाविशारद और कम्युनिकेशन एक्सपर्ट और कहानी बताने में और भाषओं में रूची रखते है|

उनके रोचक ब्लॉग्स पे वे बहुभाषिक और सांस्कृतिक भेद के आनंद और उपयोग के बारे में लिक्ति है| उनके ब्लॉग्स उनके बहुभाषिक जीवन के अनुभव और कुछ क्षणों पे आधारित है|

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Video Language:
English
Team:
closed TED
Project:
TEDxTalks
Duration:
11:56

Hindi subtitles

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